राम मंदिर विवाद: कथित चोरी, जनता का विश्वास और करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था
राम मंदिर विवाद: कथित चोरी, जनता का विश्वास और करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था आज मैंने राम मंदिर, अयोध्या से जुड़ी कथित दान चोरी और वित्तीय अनियमितताओं को लेकर कांग्रेस पार्टी और आम आदमी पार्टी सहित कई विपक्षी नेताओं की प्रेस कॉन्फ्रेंस देखीं। सबसे अधिक जिस बात ने मेरा ध्यान आकर्षित किया, वह यह थी कि इन प्रेस कॉन्फ्रेंसों का स्वर केवल राजनीतिक नहीं था, बल्कि गहराई से भावनात्मक था। अरविंद केजरीवाल, संजय सिंह, पवन खेड़ा और अन्य विपक्षी नेताओं को सुनकर यह स्पष्ट हुआ कि उनके अनुसार यह विवाद केवल गायब हुए धन या चोरी हुए आभूषणों का नहीं है। उनका कहना है कि यह उन करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था के साथ विश्वासघात है, जिन्होंने सनातन धर्म के सबसे महत्वपूर्ण मंदिरों में से एक के निर्माण और रखरखाव के लिए अपना योगदान दिया। उत्तर प्रदेश सरकार ने स्वयं इस मामले की जांच के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया और कई व्यक्तियों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज की गई हैं। लेकिन विपक्ष का कहना है कि इससे पूरी कहानी सामने नहीं आती। अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में आम आदमी पार्टी के सांसद संजय सिंह ने कई दस्तावेज प्रस...